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 रोहित शर्मा के नाबाद शतक और हार्दिक पंड्या के ऑलराउंडर प्रदर्शन की बदौलत टीम इंडिया ने बड़े स्कोर वाले तीसरे और अंतिम टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में रविवार को इंग्लैंड को सात विकेट से हराकर तीन मैचों की सीरीज 2-1 से जीत ली.  भारत के सामने 199 रन का लक्ष्य था लेकिन टीम इंडिया ने इसे बौना साबित कर दिया.

रोहित ने एक छोर संभाले रखा तथा 56 गेंदों पर नाबाद 100 रन बनाए जिसमें 11 चौके और पांच छक्के शामिल हैं. उन्होंने कप्तान विराट कोहली ने (29 गेंदों पर 43 रन) के साथ तीसरे विकेट के लिये 89 रन की साझेदारी की. पंड्या ने 14 गेंदों पर नाबाद 33 रन की तूफानी पारी खेली जिससे भारत ने 18.4 ओवर में तीन विकेट पर 201 रन बनाकर जीत दर्ज की.

जीत के बाद रोहित शर्मा ने कहा, “यह मेरे खेल का स्टाइल है. पारी की शुरुआत में परिस्थितियों का सही अंदाजा लगाना महत्वपूर्ण था. हमें पता चला चल गया था कि विकेट अच्छा है. बड़े शॉट खेलना तय किया था. मैं बहुत आराम से पारी संभालना चाहता था. कोई जल्दबाजी नहीं थी क्योंकि मुझे पता है कि विकेट पर जमे रहने के बाद आप मैच का रुख पलट सकते हैं. हमेशा गेंदबाजों को भी पढ़ने की कोशिश करता हूं. जब चार फील्डर अंदर होते हैं, तो चांस लेने का विकल्प होता है. बेहतर विकेट होने के कारण मुझे पता था कि मुझे डटे रहना है. चीजें अपने आप आसान हो जाएंगी.”

इससे पहले गेंदबाजों ने शुरू में रन लुटाने के बाद अच्छी वापसी की. पंड्या ने 38 रन देकर चार विकेट लिये जिससे इंग्लैंड दस ओवर में 112 रन बनाने के बावजूद आखिर में नौ विकेट पर 198 रन ही बना पाया. जैसन रॉय ने 31 गेंदों पर चार चौकों और सात छक्कों की मदद से 67 रन बनाये और जोस बटलर (21 गेंदों पर 34) के साथ पहले विकेट के लिये 7.5 ओवर में 94 रन जोड़े. इनके अलावा एलेक्स हेल्स (24 गेंदों पर 30) और जॉनी बेयरस्टॉ (14 गेंदों पर 25) ने भी उपयोगी योगदान दिया.

अपने पहले ओवर में 22 रन लुटाने वाले पंड्या भारत के सबसे सफल गेंदबाज रहे. उन्होंने अपने करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया जबकि सिद्धार्थ कौल ने 35 रन देकर दो विकेट हासिल किये. उमेश यादव ने चार ओवर में 48 रन देकर एक जबकि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण कर रहे दीपक चाहर ने 43 रन देकर एक विकेट लिया.

विकेट के पीछे धोनी का कमाल दिखाया 
महेंद्र सिंह धोनी ने विकेट के पीछे कमाल दिखाया और पांच कैच लिए. किसी एक टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच में पांच कैच लेने वाले वह पहले विकेटकीपर हैं. वह इस दौरान इस प्रारूप में कैचों का अर्धशतक पूरा करने वाले पहले विकेटकीपर भी बने. भारत का प्रदर्शन वास्तव में काबिलेतारीफ रहा क्योंकि गेंदबाजी के अलावा बल्लेबाजी में भी उसकी शुरुआती अनुकुल नहीं रही थी. भारत ने शिखर धवन (पांच) और पहले मैच के शतकवीर केएल राहुल (19) के विकेट जल्दी गंवा दिए थे. रोहित ने बेपरवाह बल्लेबाजी की. डेविड विली पर छक्के से खाता खोलने वाले इस बल्लेबाज ने जोर्डन पर लगातार दो छक्के लगाये. उनके प्रयास से भारत दो विकेट गंवाने के बावजूद पावरप्ले में 70 रन जुटाने में सफल रहा.

रोहित ने टी-20 में 2000 रन पूरे किए
रोहित इस पारी के दौरान इस फॉर्मेट में 2000 रन पूरे करने वाले भारत के दूसरे और दुनिया के पांचवें बल्लेबाज बने. उन्होंने 19वें ओवर में अपने करियर का तीसरा शतक पूरा किया जबकि पंड्या ने जोर्डन के इसी ओवर में विजयी छक्का लगाया. भारत का स्कोर दस ओवर के बाद दो विकेट पर 100 रन था. अगले ओवर में रोहित का लियाम प्लंकेट पर पुल शॉट से लगाया गया छक्का दर्शनीय था. कोहली अब तक स्ट्राइक रोटेट करने पर ध्यान दे रहे थे. उन्होंने आदिल राशिद पर गगनचुंबी छक्का लगाया.

कोहली हालांकि इस फॉर्मेट में लगातार आठवीं पारी में अर्धशतक तक पहुंचने में नाकाम रहे. जोर्डन ने अपनी ही गेंद कैच लेकर भारतीय कप्तान की पारी का अंत किया. कोहली ने दो चौके और दो छक्के लगाए. भारत को आखिरी चार ओवर में 44 रन चाहिए थे. पंड्या ने जैक बॉल पर दो चौके लगाकर हाथ खोले और इसके बाद अपनी लप्पेबाजी से दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया. पंड्या ने चार चौके और दो छक्के लगाये. भारत ने द्विपक्षीय टी20 सीरीज में तीसरा मैच नहीं गंवाने का रिकॉर्ड भी बरकरार रखा. इससे पहले कोहली ने टास जीता और पहले क्षेत्ररक्षण का फैसला किया लेकिन पहले टी20 में पांच विकेट लेने वाले स्पिनर कुलदीप यादव को अंतिम एकादश में नहीं रखा.

Input vikas

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