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नई दिल्ली : पब्लिक सेक्टर, प्राइवेट सेक्टर एवं रीजनल रूरल बैंकों में कार्यरत अधिकारियों के प्रमुख संगठन ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स एसोसिएशन (AIBOA) ने अपनी लंबित एवं महत्वपूर्ण मांगों के समर्थन में मंगलवार, 27 जनवरी 2026 को देशव्यापी अखिल भारतीय स्टे-आउट हड़ताल का आह्वान किया है।
AIBOA ने स्पष्ट किया है कि यह आंदोलन बैंक अधिकारियों से जुड़े ज्वलंत मुद्दों पर सरकार एवं इंडियन बैंक्स एसोसिएशन (IBA) द्वारा किए गए वादों के पूरा न होने के कारण किया जा रहा है। संगठन की प्रमुख मांगों में IDBI बैंक के प्रस्तावित विनिवेश का विरोध, हरियाणा, केरल एवं तमिलनाडु में ऑपरेशनल कमांड एरिया वाले तीन रीजनल रूरल बैंकों के पुनर्गठन का विरोध, तथा LIC में 100 प्रतिशत तक विदेशी प्रत्यक्ष निवेश (FDI) की अनुमति दिए जाने के निर्णय का विरोध शामिल है।
AIBOA ने यह भी स्मरण कराया कि 08 मार्च 2024 को IBA और चार अधिकारी संगठनों के बीच एक समझौता ज्ञापन (MOU) पर हस्ताक्षर हुए थे, जिसमें छह माह के भीतर शेष लंबित मुद्दों के समाधान का आश्वासन दिया गया था। इन मुद्दों में पांच दिवसीय बैंकिंग सप्ताह, विनियमित कार्य घंटे, अधिकारियों एवं कर्मचारियों को PLI, पेंशन का अद्यतन, प्राइवेट सेक्टर बैंकों में सेवानिवृत्त अधिकारियों को अनुग्रह राशि, तथा MOU में उल्लिखित अन्य विषय शामिल थे। निर्धारित समयसीमा समाप्त हो जाने के बावजूद इन पर कोई ठोस प्रगति नहीं हुई।
उल्लेखनीय है कि AIBOA ने इससे पूर्व 24 एवं 25 मार्च 2025 को दो दिवसीय हड़ताल का नोटिस दिया था, जिसे 21 मार्च 2025 को हुई सुलह कार्यवाही में सरकार एवं IBA प्रतिनिधियों द्वारा दिए गए आश्वासन के बाद स्थगित कर दिया गया था। किंतु आश्वासन के बावजूद समाधान न होने से संगठन को पुनः आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ा है।
संगठन ने यह भी बताया कि 01 जनवरी 2026 से बैंक अधिकारियों के लिए सायं 7.00 बजे से प्रातः 9.00 बजे तक “राइट टू डिस्कनेक्ट” लागू करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि अधिकारियों को बेहतर कार्य-जीवन संतुलन मिल सके।
AIBOA ने स्वीकार किया है कि इस हड़ताल से बैंकिंग सेवाओं के उपभोक्ताओं को असुविधा हो सकती है, जिसके लिए संगठन ने खेद प्रकट किया है। हालांकि, संगठन का कहना है कि पब्लिक सेक्टर बैंकों एवं वित्तीय संस्थानों को सुदृढ़ बनाए रखने और बैंक अधिकारियों के वाजिब अधिकारों की रक्षा के लिए यह आंदोलन आवश्यक हो गया है।
इस क्रम में उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंक अधिकारी एसोसिएशन ने भी आम जनता एवं बैंक उपभोक्ताओं से अपने आंदोलन को समर्थन देने की अपील की है।

INPUT – AMIT SHARMA