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हाथरस : दून पब्लिक स्कूल, हाथरस के प्रांगण में उस समय हर्षोल्लास का वातावरण छा गया, जब कक्षा दसवीं के सीबीएसई बोर्ड परीक्षा परिणाम घोषित किए गए।
विद्यालय के मेधावी छात्र-छात्राओं ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए न केवल अपने अभिभावकों को गौरवान्वित किया, बल्कि विद्यालय का नाम भी गौरव के साथ ऊँचा किया।
विद्यालय के प्रधानाचार्य जे० के० अग्रवाल के कुशल नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में विद्यार्थियों ने अनुकरणीय सफलता प्राप्त की। इस वर्ष का परीक्षा परिणाम अत्यंत सराहनीय रहा—90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले कुल 11 विद्यार्थी रहे, जबकि 80 से 89 प्रतिशत के बीच अंक प्राप्त करने वाले 30 विद्यार्थी रहे, जो विद्यालय की समग्र शैक्षणिक गुणवत्ता को दर्शाता है।
वंशिका मोहन – 96.8%
पीहू बंसल – 94.8%
रेनू – 94.4%
भव्य शर्मा – 94.2%
अंशिका कौशिक – 93.2%
पावनी पचौरी – 92.8%
अवनी शर्मा – 92.4%
सीमा वार्ष्णेय – 91.8%
मृदुल बंसल – 91.2%
अंशुमान समाधिया – 91.2%
सुवीर सिंह – 90%
इन शानदार परिणामों के पीछे विद्यार्थियों की कठिन मेहनत, शिक्षकों का समर्पण तथा अभिभावकों का निरंतर सहयोग रहा। विद्यालय परिवार ने सभी सफल विद्यार्थियों को माला पहनकर,मिठाई खिलाकर एवं तालियों की गड़गड़ाहट के साथ सम्मानित किया।
इस अवसर पर प्रधानाचार्य जे० के० अग्रवाल ने सभी विद्यार्थियों, अभिभावकों एवं शिक्षकों को बधाई देते हुए कहा—
“आज का दिन हमारे विद्यालय परिवार के लिए अत्यंत गौरवपूर्ण है। हमारे विद्यार्थियों ने यह सिद्ध कर दिया है कि समर्पण, अनुशासन और निरंतर परिश्रम से कोई भी लक्ष्य प्राप्त किया जा सकता है। यह सफलता केवल अंकों की नहीं, बल्कि हमारे विद्यार्थियों के चरित्र, संस्कार और संकल्प की भी जीत है।
मैं सभी विद्यार्थियों से कहना चाहता हूँ कि सफलता का यह प्रथम पड़ाव है—आगे का मार्ग और भी व्यापक है। अपने लक्ष्य को स्पष्ट रखें, निरंतर सीखते रहें और जीवन में नैतिक मूल्यों को सर्वोपरि स्थान दें। हमारे शिक्षकों की निष्ठा और अभिभावकों का सहयोग इस सफलता का मजबूत आधार है। मुझे विश्वास है कि हमारे विद्यार्थी भविष्य में भी इसी प्रकार उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए देश और समाज का नाम रोशन करेंगे।”
उन्होंने सभी सफल विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उनके निरंतर प्रगति की आशा व्यक्त करते हुए आगे कहा कि यह परिणाम न केवल विद्यालय की शैक्षणिक उत्कृष्टता को दर्शाता है, बल्कि आने वाले वर्षों के लिए भी एक नई प्रेरणा बनकर उभरा है।









