Visitors have accessed this post 73 times.

हाथरस : 07 अगस्त विश्व स्तनपान सप्ताह के अंतिम दिन शुक्रवार को मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय के सभागार में जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. वेद प्रकाश की अध्यक्षता में किया गया। कार्यशाला में स्तनपान के लाभ, उससे जुड़ी भ्रांतियों के निराकरण तथा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाने पर विस्तार से चर्चा की गई। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. वेद प्रकाश ने कहा कि जन्म के पहले घंटे के भीतर स्तनपान शुरू करना और छह माह तक केवल माँ का दूध पिलाना नवजात के बेहतर शारीरिक, मानसिक और बौद्धिक विकास के लिए बेहद आवश्यक है। उन्होंने स्वास्थ्य कर्मियों से प्रत्येक गर्भवती और धात्री महिला को स्तनपान के महत्व के प्रति जागरूक करने का आह्वान किया। अपर मुख्य चिकित्साधिकारी (आरसीएच) डॉ. राजीव गुप्ता ने नवजात की देखभाल, जन्म के तुरंत बाद त्वचा से त्वचा संपर्क (स्किन-टू-स्किन कॉन्टैक्ट), प्रारंभिक एवं अनन्य स्तनपान, छह माह बाद पूरक आहार शुरू करने तथा दो वर्ष या उससे अधिक समय तक स्तनपान जारी रखने के महत्व पर जानकारी दी। जिला मातृ स्वास्थ्य परामर्शदाता ऊषा रानी ने जन-जागरूकता और सामुदायिक सहभागिता कार्यक्रमों को प्रभावी ढंग से संचालित करने पर बल दिया।कार्यशाला में डॉ. मधुर कुमार, डॉ. आर.एन. सिंह, डॉ. एम.आई. आलम, डॉ. प्रवीन भारती, जिला कार्यक्रम प्रबंधक बलवीर सिंह वर्मा, शहरी स्वास्थ्य समन्वयक पुष्पेन्द्रवीर सिंह सहित विभिन्न स्वास्थ्य अधिकारियों ने अपने विचार रखे। कार्यक्रम में प्रभारी चिकित्साधिकारी, स्टाफ नर्स, एएनएम, काउंसलर, स्त्रीरोग विशेषज्ञ, आशा कार्यकर्ता सहित करीब 135 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।

INPUT – RAHUL SHARMA